मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

डीआरडीए विभाग से सांसद और विधायक निधि से कराए जाने वाले कार्यों के संबंध में डीएम उमेश मिश्रा को पिछले कई दिनों से शिकायत मिल रही थी। उक्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए गुरुवा की सुबह डीएम उमेश मिश्रा सीधे विकास भवन में पहुंचे। उन्होंने डीआरडीए विभाग में पहुंच कर सांसद और विधायक निधि पटल को देख रहे लिपिक से वार्ता की। वहीं सांसद और विधायक निधि की पत्रावलियों में काफी अनियमितता मिलने पर डीएम उमेश मिश्रा ने पीडी डीआरडीए दिग्विजनाथ तिवारी को जमकर फटकार लगाई है। उन्होंने पीडी को कार्यशैली में सुधार करने के सख्त निर्देश दिए है। वहीं पीडी से स्पष्टीकरण भी मांगा गया है। समय से ठेकेदारों का भुगतान न करने पर भी डीएम के द्वारा कडी नाराजगी जताई गई है।
गुरुवार की सुबह डीएम उमेश मिश्रा को अचानक विकास भवन में देकर अधिकारी और कर्मचारियों में हडकम्प मच गया। विकास भवन में इधर उधर घूम रहे कर्मचारी तत्काल प्रभाव से अपने पटल पर पहुंचे। वहीं कई अधिकारी आनन फानन में आफिस पहुंचे। डीएम उमेश मिश्रा सीधे डीआरडीए आफिस में पहुंचे। उन्होंने मौके पर कुछ पत्राविलयों को देखा। इसके बाद वह सीडीओ के कार्यालय में पहुंचे और डीआरडीए विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों को तलब किया। उन्होंने मौके पर सांसद और विधायक निधि की पत्रावलियों का भी अवलोकन किया। इस दौरान डीएम को कुछ पत्रावलियों में काफी अनियमिमता मिली। उक्त पत्रावलियों के संबंध में डीएम को पूर्व से शिकायत मिलती आ रही थी। इस पर डीएम ने पीडी दिग्विजनाथ तिवारी को फटकार लगाई। वहीं उनसे स्पष्टीकरण भी मांगा गया है। सूत्रों का कहना है कुछ डीआरडीए से कुछ ठेकेदारों का भुगतान भी नहीं किया गया है। जिस कारण ठेकेदार अधिकारी के चक्कर लगा रहे है। जबकि उनके द्वारा कराए गए कार्यों को पूर्ण हुए काफी समय हो गया है। जांच होने के बाद भी भुगतान नहीं हो पाया है। इस मामले में भी डीएम ने नाराजगी जताई है।

डीएम उमेश मिश्रा ने बताया
डीआरडीए के कार्यों को लेकर काफी शिकायतें मिल रही थी। विकास भवन में पहुंच कर सांसद, विधायक निधि की कुछ पत्रावलियों का अवलोकन किया गया। जिनमें काफी अनियमितता पायी गई। इस मामले में पीडी को चेतावनी देते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया है।
उमेश मिश्रा, डीएम मुजफ्फरनगर






