मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

पालिका प्रशासन को नोटिस देने के बाद भी मांग पूरी न होने पर सफाई कर्मचारी नगर पालिका में धरने पर बैठ गए। संयुक्त सफाई कर्मचारी संघर्ष समिति के नेतृत्व में सफाई कर्मचारियों ने जमकर नारेबारी करते हुए धरना प्रदर्शन किया है। सफाई कर्मचारियों ने विभिन्न बिन्दुओं पर सुनवाई करने के लिए नगर पालिका को दो दिन का समय दिया था। नगर पालिका प्रशासन के द्वारा अभी तक सफाई कर्मचारियों को वार्ता के लिए नहीं बुलाया गया है। पालिका प्रशासन को दिए गए नोटिस के अनुसार यदि सफाई कर्मचारियों की मांगे पूरी नहीं होती है सफाई कर्मचारी कूडा वाहनों को रोकते हुए कामबंद हडताल करेंगे।
समिति में अध्यक्ष पालेराम और महामंत्री राजेश उटवाल, चमनलाल ढिंगान ने कहा कि पिछले कई दिनों से नगर पालिका के आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारी एवं ड्राईवर साथियों का कम्पनी के माध्यम से शोषण किया जा रहा है। इनको किसी अन्य कम्पनी में भेजा जा रहा है। यह ड्राईवरों के साथ अन्याय है। संयुक्त सफाई कर्मचारी संघर्ष मोर्चा इसको बरर्दाशत नही करेगा। अगर ड्राईवरों से पूर्व की भांति ही कार्य नही कराया गया तो संघर्ष मोर्चा हड़ताल करने को बाध्य होगा। उन्होंने कहा कि आउटसोर्सिग ड्राईवरों को किसी कम्पनी में न भेजा जाये। ठेका सफाई कर्मचारियो (अल्र्ट कम्पनी) द्वारा किये गये पीएफ घोटाले की जांच हो व पीएफ का भुगतान किया जाए। शासनादेश के अनुसार ठेका कर्मचारियों का वेतन बढ़ाया जायें। सफाई कर्मचारी ड्राईवर अगर छुट्टी में काम करते हैं, तो उनको छुट्टी में कार्य करने का भुगतान किया जायें। सफाई कर्मचारी संघ के चुनाव अविलंब कराये जाएं। इस दौरान राजेश उटवाल, पालेराम, चमनलाल ढिंगान, शीलू वाल्मीकि, राजू वैध, राजकुमार बेनीवाल आदि मौजूद रहे।






