मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

जिला पंचायत सभागार में नगर मजिस्ट्रेट दीपक कुमार पाल की अध्यक्षता में किसान दिवस आयोजित किया गया। 17 सितम्बर को भाकियू की महापंचायत होने के कारण किसान दिवस में किसानों की संख्या काफी कम रही है। जिला पंचायत के सभागार में अधिकांश कुर्सियां खाली पडी है। सभागार में उपस्थिति किसानों ने बिजली, गन्ना भुगतान, सड़क और मिट्टी की जांच समेत कई समस्याएं अधिकारियों के सामने रखीं। किसानों ने बिजली विभाग के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बिजली चोरी के मामले पकड़े जाने के बाद कार्रवाई करने के बजाय कथित रूप से पैसे लेकर मामलों को निपटा दिया जाता है। किसानों ने मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।


किसानों ने नरा-जड़ौदा हाईवे पर जलभराव की समस्या भी प्रमुखता से उठाई। उन्होंने कहा कि हाईवे पर लंबे समय से पानी भरा रहता है, जिससे राहगीरों और किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई बार शिकायत के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ है। किसानों ने संबंधित विभाग से जलभराव की समस्या का तत्काल समाधान कराने की मांग की। किसानों ने खेतों की मिट्टी की जांच के लिए मोबाइल मृदा जांच वैन की व्यवस्था कराने की मांग की। किसानों का कहना था कि गांव-गांव जाकर मिट्टी की जांच की सुविधा मिलने से किसान अपनी फसल के अनुसार खाद और उर्वरकों का इस्तेमाल कर सकेंगे। किसानों ने इसके लिए चीनी मिलों के स्तर से मोबाइल वैन उपलब्ध कराने की मांग की है। किसान दिवस में बुढ़ाना शुगर मिल के गन्ना बकाया भुगतान का मुद्दा भी जोर-शोर से उठा। किसानों ने जल्द से जल्द पूरा भुगतान कराने की मांग की। जिला गन्ना अधिकारी (डीसीओ) ने बताया कि बुढ़ाना शुगर मिल की ओर से अब तक 83 प्रतिशत गन्ना भुगतान किया जा चुका है, जबकि करीब 63 करोड़ रुपये का भुगतान अभी बकाया है। किसानों ने शेष भुगतान भी शीघ्र कराने की मांग की। बैठक में किसानों ने अन्य स्थानीय समस्याएं भी अधिकारियों के सामने रखीं और उनके जल्द निस्तारण की मांग की। इस दौरान नगर मजिस्ट्रेट दीपक कुमार, उप कृषि निदेशक प्रमोद सिरोही, जिला कृषि अधिकारी राहुल तेवतिया, सीवीओ डॉक्टर जितेन्द्र गुप्ता, किसान नेता अंकित चौधरी, अशोक कुमार, मोनू, विनोद कुमार, राजेन्द्र कुमार, भूपेन्द्र कुमार, विनित कुमार आदि मौजूद रहे।






