मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

डीपीआरओ रेनू श्रीवास्तव ने जनगणना 2027 की तैयारी को लेकर अधिकारी और कर्मचारियों के साथ बैठक की है। उन्होंने जनगणना के संबंध में प्रत्येक बिन्दु पर विस्तार से जानकारी दी।
डीपीआरओ रेनू श्रीवास्तव ने बताया प्रस्तावित जनगणना -2027 के सफल संचालन हेतु जनपद स्तर पर विभिन्न विभागों को दायित्व आवटित किये गये है। उन्होंने बताया कि नागरिको द्वारा स्वयं से जनगणना मई से 21 मई 2026 (15 दिवस की अवधि में) तक किये जाने के सम्बन्ध मे पंचायती राज विभाग के अधिकारियो व त्रिस्तरीय पंचायतों के जनप्रतिनिधियों से अपेक्षित सहयोग मांगा गया है। ब्लॉक स्तर पर संक्षिप्त जानकारी जनगणना -2027 के सफल संचालन हेतु ग्राम पंचायत व विकास खण्ड स्तरीय अधिकारी व क्षेत्र पंचायत प्रमुख, सदस्य जिला पंचायत व ग्राम प्रधानों को विकास खण्ड स्तर पर संक्षिप्त प्रशिक्षण 7 मई 2026 से पूर्व सम्पन्न करा लिया जाये। प्रधान पहले दिन स्वयं जनगणना करेगे और साथ ही त्रिस्तरीय पंचायत पदाधिकारियों व ग्रामवासियो को प्रोत्साहित करेगे। फॉर्म भरने में मार्गदर्शन की आवश्यकता वाले परिवारो की सहायता करेगे। उक्त के सम्बन्ध मे समस्त ग्राम पंचायत प्रधानों पंचायत प्रतिनिधियों व सचिव का प्रशिक्षण विकास खण्ड स्तर पर खण्ड विकास अधिकारी से समन्वय स्थापित कर आयोजित कराना सुनिश्चित करे। 22 मई से प्रतिदिन पंचायत मे जन घोषणाएँ उसके बाद प्रति सप्ताह कम से कम 3 बार स्थानीय भाषा मे घोषनाएँ, उक्त के सम्बन्ध मे समस्त ग्राम पंचायत सचिव को विकास खण्ड स्तर से निर्देशित निर्गत कराते हुए नियमित अनुश्रवण किया जाये। सभी गाँवो में 22 मई से पहले ग्राम सभा के विशेष सत्र आयोजित किए जाए। ग्राम प्रधानो की गणना प्रारंभ दिवस 07 मई 2026 स्वगणना पर उनके गाँवो मे सबसे पहले की जाए। उन्होंंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रत्येक ग्राम पंचायत मे जनगणना व नागरिको द्वारा स्वयं से जनगणना 7 मई से 21 मई 2026 (15 दिवस की अवधि मे) करने के प्रचार सम्बन्धी दीवारो पर चित्रकारी 07 मई तक पूरी की जाए। पंचायत द्वारा 22 मई को ओर उसके बाद सप्ताह मे 3 बार घोषणाएं की जाए। लेखपाल और पंचायत सचिव सभी बस्तियो/टालो का पता लगाने मे प्रगणकों की सहायता करेगें। उपरोक्त समस्त बिन्दुओ के सम्बन्ध मे सम्बन्धित ग्राम पंचायत प्रधान व सचिव को समय से कार्यवाही पूर्ण करते हुए जनगणना 2027 की तैयारी हेतु आवश्यक कार्यवाही पूर्ण कराते हुए नियमित अनुश्रवण किया जाये तथा उक्त बिन्दुओ पर विकास खण्ड स्तर पर समीक्षा बैठक भी आयोजित की जाये।







