मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के एक्सईएन ने अपने कर्मचारी के समक्ष एक अजीब शर्त रख दी। एक्सईएन ने कर्मचारी से कहा कि यदि वह उक्त शर्त को मानेगा तो मुख्यालय पर रह कर नौकरी कर सकता है। अभद्र टिप्पणी वाली शर्त जब अन्य कर्मचारियों को जानकारी हुई तो उक्त अधिकारी की घटिया सोच का पता चला। वहीं सीडीओ भी इस शिकायत को सुनकर दंग रह गए। उधर परिवार पर अभद्र टिप्पणी करने को लेकर बवाल हो गया। विकास विभाग के कर्मचारियों ने एक्सईएन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। विकास भवन कर्मचारी एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल चौधरी, महामंत्री कुलवंत सिंह और अन्य कर्मचारियों ने सीडीओ से इस मामले की शिकायत की। वहीं एक्सईएन के खिलाफ कार्रवाई और उसे हटाने की मांग की है। एसोसिएशन ने मंगलवार से ग्रामीण अभियंत्रण विकास के कार्यों का बहिष्कार करने और धरना देने की चेतावनी दी है।
विकास भवन के तृतीय तल पर ग्रामीण अभियंत्रण विकास का कार्यालय है। इस विभाग में टेंडरों को लेकर कुछ शिकायत चल रही है। एक्सईएन के द्वारा कर्मचारी सुमित कुमार पर शिकायत कराने का गंभीर आरोप लगाया गया है। वहीं एक्सईएन ने सुमित कुमार को मुख्यालय पर रखने के लिए अजीब शर्त रखी है वहीं परिवार पर टिप्पणी की है। 19 फरवरी से उक्त कर्मचारी मानसिक तनाव में है। सोमवार को उक्त कर्मचारी के द्वारा विकास भवन कर्मचारी एसोसिएशन को पूरे मामले की जानकारी दी गई। विकास भवन कर्मचारी एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल चौधरी और महामंत्री के द्वारा ग्रामीण अभियंत्रण कार्यालय में कर्मचारियों के साथ बैठक की गई। इसके बाद प्रदर्शन करते हुए एक्सईएन के खिलाफ सीडीओ से शिकायत की गई। अध्यक्ष राहुल चौधरी ने कहा कि एक्सईएन को लिखित में माफी मांगनी होगी। कर्मचारियों ने एक्सईएन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। इस दौरान पंकज, देवेन्द्र चौधरी, सचिन पुंडीर, दीपक, भीमसेन, संजय कुमार, सुमित कुमार, सुधीर कुमार आदि कर्मचारी मौजूद रहे।

सीडीओ ने बताया
विकास भवन कर्मचारी एसोसिएशन के द्वारा ग्रामीण अभियंत्रण एक्सईएन के खिलाफ गंभीर शिकायत की गई है। शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कराई जाएगी। इसके बाद एक्सईएन के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कंडारकर कमल किशोर देशभूषण, सीडीओ
एक्सईएन ने बताया
कर्मचारी सुमित कुमार के द्वारा लगाए गए सभी आरोप गलत है। पूर्व एक्सईएन रह चुके अवधेश मणी त्रिपाठी के द्वारा कर्मचारी को प्रतिकूल प्रविष्टि दी जा चुकी है। यह कर्मचारी शीघ्र आवेश में आ जाता है और कार्यालय का काम काज बाधित करता है। सुनी सुनाई बात पर विश्वास करता है। उसका सत्यापन नहीं करता है। मेरा भी एक परिवार है मैं ऐसी टिप्पणी नहीं कर सकता हूं।
अनिल कुमार, एक्सईएन ग्रामीण अभियंत्रण विभाग






