मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

जनपद में इफको के अतिरिक्त यूपी को आपरेटिव फैडरेशन, पीसीएफ के गोदामों में करीब 1.60 करोड की कीमत से करीब 3020 मैट्रिक टन यूरिया स्टॉक रखा हुआ है। वहीं यूरिया को लेकर जनपद के किसानों में हाहाकार मचा हुआ है। को-आपरेटिव फैडरेशन लि. के निदेशक विनोद जैन ने जिला कृषि अधिकारी को उक्त यूरिया समितियों को आवंटित करने के निर्देश दिए है।
को-आपरेटिव फैडरेशन लि. के निदेशक विनोद जैन ने कृषि अधिकारी को पत्र भेजते हुए कहा है कि गोदामों में लगभग 3020 मैट्रीक टन यूरिया स्टॉक उपलब्ध है। जिसका मूल्य एक करोड साठ लाख से भी अधिक है। सहायक आयुक्त/सहायक निबन्धक सहकारिता के निर्देशानुसार उपलब्ध यूरिया प्री-पोईसींग में भविष्य के लिए आरक्षित किया हुआ है। वर्तमान में जनपद की अनेक सहकारी समितियों पर यूरिया उपलब्ध नहीं है और किसानों की मांग बनी हुई है। भविष्य में पीसीएफ व इपको तथा कृमको की ओर से भी रैक लगने वाली है।
वर्तमान में पीसीएफ के स्टॉक को माह नवम्बर-दिसम्बर 2025 में आवंटित किया जायेगा। उन्होंने कहा कि माह नवम्बर-दिसम्बर से पूर्व तो अनेक रैक चाहे यूरिया की हो या पीसीएफ की प्राईवेट कम्पनी से आयातीत हों, उर्वरक यूरिया, डीएपी, एनपीके की और आने की प्रबल सम्भावना है। इसलिए जनपद के किसानों की यूरिया उर्वरक की आवश्यकता पूर्ति हेतू किसानों एवं सहकारी समितियों के हित में वर्तमान आरक्षित स्टॉक को आवंटित किया जाए। मौसम में नमी होने के कारण माह नवम्बर-दिसम्बर तक गोदामों में रखी हुई उर्वरक यूरिया, डीएपी के बोरे सैट हो सकते है। जिसे किसान व सहकारी समितियां लेना पसन्द नहीं करेगी। जिस कारण से यूरिया के सैट हो जाने के कारण से उर्वरक की आपूर्ति संस्थानों को भी बहुत आर्थिक हानि हो जायेगी। इसलिए वर्तमान के यूरिया स्टॉक की समितियों के लिए आवंटित किया जाना अति आवश्यक है। मुजफ्फरनगर मार्केटिंग कोआपरेटिव सोसायटी सदर तहसील स्तर कार्यक्षेत्र से अधिक के कार्यक्षेत्र की एक सहकारी संस्था है। जिसका मुख्य कार्य केवल अपने कार्यक्षेत्र के किसानों को उर्वरक उपलब्ध कराना मात्र है। इस संस्था के अपने कार्यक्षेत्र में समिति के चार बिक्री केन्द्र है। इसलिए संस्था को कम से कम प्रति बिक्री केन्द्र दो-दो गाडी यूरिया आवंटित किया जाए।







