मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

नगर पालिका के कर्मचारियों के वेतन विवाद को लेकर बुधवार को भी समस्त कर्मचारियों ने कामबंद हडताल जारी रही है। हडताल के दौरान ईओ के द्वारा लेखाकार समेत तीन कर्मचारियों को दिए गए नोटिस को लेकर स्थिति ओर अधिक बिगड गई है। ईओ के नोटिस को लेकर कर्मचारियों में रोष बना हुआ है। उधर सफाई कर्मचारी भी उक्त हडताल को अपना समर्थन देने की तैयारी कर रहे है। उधर उत्तर प्रदेश राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष रविन्द्र नागर और राज्य कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष राहुल चौधरी ने अपना समर्थन दिया है। वहीं हडताल के दौरान महिला अनुचर महावीरी की संगठन शाखा अध्यक्ष के साथ झडप हुई।
स्वायत्त शासन कर्मचारी संगठन के शाखा अध्यक्ष ब्रजमोहन और महामंत्री सुनील वर्मा ने कर्मचारियों के उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए 12 सितम्बर को पत्र ईओ को दिया था। जिसमें तीन दिन में समाधान न होने पर हड़ताल की चेतावनी दी गई। बुधवार को भी कर्मचारियों की कामबंद हडताल जारी रही है। बुधवार को सभी 13 कर्मचारी जो कम्प्यूटर ऑपरेटर के रूप में पालिका के विभिन्न विभागों में कार्य कर रहे हैं, अपने काम पर लौट आये। मुख्य कार्यालय सहित अन्य सभी कार्यालयों के ताले खुले और ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह के साथ ही लेखाकार प्रीति रानी, टीएस पारूल यादव, राजस्व निरीक्षक के अलावा अन्य अधिकारी भी अपने कार्यालय में उपस्थित रहे। पदाधिकारियों ने कहा कि पालिका प्रशासन अपनी हठधर्मी दिखा रहा है। हमारी समस्या के समाधान के लिए काम नहीं किया, न ही कोई वार्ता की गई। संगठन आरपार की लड़ाई के लिए तैयार है। नोटिस भेजकर डराया जा रहा है, हम डरने वाले नहीं है। धरने पर अध्यक्ष ब्रजमोहन, महामंत्री सुनील वर्मा, लिपिक गोपीचंद वर्मा, कैलाश नारायण, राजीव वर्मा, फिरोज खान, नदीम खान, मनोज बालियान, मनोज पाल, नितिन कुमार, मैनपाल सिंह, शोभित सिंघल, गगन महेन्द्रा, मोहन वैद, प्रवीण कुमार के साथ ही मौहम्मद सालिम, विकास शर्मा, सतेन्द्र कुमार, अमित गोस्वामी, अशोक पाल सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

नगर पालिका ईओ ने बताया
संगठन ने वेतन रोकने को लेकर जो भी पत्र दिया, वो नियमानुसार सही प्रक्रिया अपनाये बिना ही दिया गया। नियमों के अनुसार किसी भी प्रकरण में विवाद की स्थिति होने पर 15 दिन के नोटिस पर मांग पत्र दिया जाता है। 12 सितम्बर को स्वायत्त शासन कर्मचारी संगठन के अध्यक्ष व महामंत्री ने वेतन रोकने के सम्बंध में पत्र डाक में दिया। 13 व 14 सितम्बर की छुट्टी रही। 15 सितम्बर सोमवार को पत्र मिला, जिस पर निस्तारण के लिए मार्क कर लेखाकार को पत्र भेज दिया गया। 16 सितम्बर से संगठन ने हड़ताल कर दी। जो एक सुनियोजित साजिश को दर्शाता है।
डा. प्रज्ञा सिंह, ईओ नगर पालिका






