मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

नई मंडी के मोहल्ला भरतिया कालोनी निवासी एसएस एनर्जीज सीमा रानी ने मुख्य सचिव, चीफ, मंडलायुक्त, डीएम, चेयरपर्सन, ईओ समेत आठ के खिलाफ हाईकोर्ट में रिट दायर की है। नगर पालिका में हुए लाइट प्रकरण को लेकर उक्त फर्म को ब्लैक लिस्ट कर दिया गया था। उक्त प्रकरण को लेकर सीमा रानी हाईकोर्ट पहुंची है। उन्होंने उक्त लोगों को प्रतिवादी बनाया है।
भाजपा सभासद देवेश कौशिक ने पथ प्रकाश में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। जैम पोर्टल पर तीन हजार एलईडी स्ट्रीट लाईट के लिए निविदा आमंत्रित की गई थी। इस मामले की जांच लखनऊ लोक निर्माण विभाग के विद्युत अनुभाग के द्वारा भी की गई। उन्होंने अपनी रिपोर्ट पालिका प्रशासन को भेज दी थी। जिसमें काफी गडबडी प्रकाश में आयी थी। वहीं बुढाना एसडीएम न्यायिक और बिजली विभाग के एक्सईएन के द्वारा भी इस मामले की जांच की जा रही थी। ईओ ने इस मामले में उक्त टेंडर को निरस्त करने और कम्पनी को ब्लैकलिस्ट करने की संस्तुति करते हुए चेयरपर्सन को रिपोर्ट भेजी थी। चेयरपर्सन के द्वारा टेंडर निरस्त करते हुए फर्म को ब्लैक लिस्ट कर दिया गया। इस मामले में सीमा रानी ने हाईकोर्ट में मुख्य सचिव सचिवालय लोक निर्माण विभाग, मुख्य अभियंता लोक निर्माण विभाग, आयुक्त सहारनपुर मंडल, डीएम, चेयरपर्सन नगर पालिका मुजफ्फरनगर, ईओ, सभासद देवेश कौशिक, मेसर्स गुरु किरपा इंटरप्राइजेज के खिलाफ रिट दायर की है।







