मुजफ्फरनगर। हिन्दुस्तान सिटी न्यूज

नगर पालिका को डॉग शेल्टर होम और एबीसी सेंटर बनाने के लिए शहरी क्षेत्र में भूमि नहीं मिल रही है। पालिका के द्वारा लगातार भूमि की तलाश की जा रही है, लेकिन कई माह बीत जाने के बाद भी सफलता नहीं मिल पायी है। ऐसे में नगर पालिका के लिए डॉग शेल्टर होम और एबीसी सेंटर बनाना बडा मुश्किल हो रहा है।
आवारा कुत्तों का खौफ शहर में लगातार बढता जा रहा है। शहरी क्षेत्र की ऐसी कोई सड़क व गली मोहल्ला नहीं है जहां पर आवारा कुत्तों का आंतक न हो। सभी लोग आवारा कुत्तों को लेकर काफी भयभीत बने हुए है। काफी लोगों को आवारा कुत्तें अपना शिकार बना चुके है। शहरी क्षेत्र में करीब 10 हजार से अधिक आवारा कुत्तें है। रात्रि में यह सभी कुत्तें झुंड में एकत्र होकर हमला करते है। वहीं बाईक और कार आदि वाहनों के पीछे भी दौडते है। इस दौरान कई बार दुर्घटना हो चुकी है। शहर के मोहल्ला ब्रह्मपुरी, साकेत, मल्हूपुरा, कच्ची सड़क, शाहबुद्दीनपुर रोड, मिमलाना रोड, खालापार, किदवईनगर, बकरा मार्किट, रामलीला टिल्ला, रामपुरी, जनकपुरी, केवल पुरी, पटेल नगर, नई मंडी आदि मोहल्लों में आवारा कुत्तों का आतंक बना हुआ है। रात्रि में शहर की विभिन्न गलियों से गुजरना खतरे से खाली नहीं है। आवारा कुत्तों का रात्रि में सड़कों पर पूरी तरह से कब्जा हो जाता है। नगर पालिका ने आवारा कुत्तों से निजात दिलाने के लिए मीरापुर में डॉग शेल्टर होम व एबीसी(एनिमल बर्थ कंट्रोल) सेंटर बनाने के लिए भूमि चिन्हित की थी। यहां पर स्थानीय लोगों ने विरोध कर दिया है। इसके बाद से पालिका को अन्य कोई भूमि अभी तक नहीं मिल पायी है।

इन्होंने बताया
डॉग शेल्टर होम और एबीसी सेंटर बनाने के लिए भूमि की तलाश की जा रही है। मीरापुर में चिन्हित की गई भूमि को लेकर स्थानीय लोगों ने विरोध कर दिया था, जिस कारण अन्य भूमि की तलाश की जा रही है।
नेपाल सिंह, एई निर्माण नगर पालिका






